मनुष्य की शक्ति उसकी आत्मा की शक्ति है। विभिन्न लोगों के लिए इसका अभिव्यक्ति अलग-अलग हो सकती है। आत्मा की शक्ति के कार्य करने का मुख्य लक्षण है – संसार के साथ सभी स्तरों पर तीव्र अंतर्क्रिया। किंतु स्वयं मनुष्य ही जानता है कि उससे क्या अपेक्षित है – दृढ़ रहना, प्रहार करना या मौन रहना। समय के साथ उसे निश्चित रूप से पता चलेगा कि उसने अपनी शक्ति का प्रदर्शन किया अथवा नहीं। किंतु संकटपूर्ण स्थिति के क्षण में वह सदैव अनुभव करता है कि उसका व्यवहार अन्यथा नहीं हो सकता, किंतु क्या उसके भावों के पीछे पर्याप्त साहस है?
📅 22 जून – बुधवार
♈️ चंद्रमा मेष राशि में
🌙 23वाँ चंद्र दिवस
आज के दिन की समृद्धि आपके शांति पर आधारित है। अपने चारों ओर घटित होने वाली घटनाओं के बावजूद अपने अंतरतम संतुलन को बनाए रखें। अप्रत्याशित विचारों के प्रति भी स्थिर रहें, यद्यपि वे आपको उत्तेजित कर सकते हैं अथवा संघर्षों को जन्म दे सकते हैं। किंतु निष्क्रिय भी नहीं रह सकते, अन्यथा किसी प्रकार आप दूसरों के कार्यों एवं समस्याओं के भंवर में फंस सकते हैं। इसलिए सक्रिय रूप से अपने विचारों को मूर्त रूप दें, आज आप सफलता प्राप्त कर सकेंगे यदि आप शांतिपूर्वक सभी परीक्षाओं को पार कर लें।
आज का दिन स्वयं ऊर्जावान रूप से अत्यधिक समृद्ध है। हमारी इच्छा हो सकती है कि सब कुछ योजना अनुसार करें और उससे भी अधिक। ऐसा प्रतीत हो सकता है कि आस-पास के लोग सचमुच हमारे मार्ग में बाधा डालने का प्रयास कर रहे हैं। किंतु वास्तव में, अपनी योजनाओं को मूर्त रूप देने में असमर्थता हमारे विचारों एवं वास्तविक स्थिति के मध्य अपूर्ण सामंजस्य को प्रदर्शित करती है।
इस दिन हमारी एवं हमारे लक्ष्यों की परीक्षा होती है। इसलिए यह महत्वपूर्ण है कि आप जो कर रहे हैं एवं जिस ओर प्रयासरत हैं, उसमें पूर्ण विश्वास रखें। अन्यथा आप सहज ही अपना मार्ग भटक सकते हैं तथा उत्तेजनाओं, प्रलोभनों एवं अपनी स्वयं की असुरक्षा से विचलित हो सकते हैं।