इतिहास को उन पाठ्यपुस्तकों में विकृत किया जा सकता है, जिन्हें आने वाली पीढ़ियाँ पढ़ेंगी। मगर इतिहास, जिसका तुम स्वयं साक्षी बनते हो, तुम्हारे हृदय में उसी रूप में जीवित रहेगा, जैसा तुमने उसे अनुभव किया है। इतिहास किसी एक व्यक्ति की दृष्टि से बड़ा होता है, मगर हर व्यक्ति अपने जीवन की गति से किसी न किसी रूप में इतिहास को आगे बढ़ाता है। हमारा जीवन अब विश्व इतिहास बन रहा है—महत्त्वपूर्ण बस इतना है कि इसे ऐसा बनाया जाए, जिससे अपने पोतों को भूतकाल की सच्चाई बताते हुए हमें शर्मिंदगी न हो।
📅 27 अप्रैल – बुधवार
♓️ चंद्रमा मीन/मेष ♈️
🌑 26 चंद्र दिवस
आज भावनात्मक स्थिति अस्थिर है। हमारा मनोभाव तेजी से बदलता रहता है, जिसका असर सीधे तौर पर हमारे आस-पास वालों के प्रति अपनी उपयोगिता की अनुभूति पर पड़ सकता है। संभवतः ये उतार-चढ़ाव हमारे उस चाहत से जुड़े हैं, जिसमें हम खुद को वास्तव में जितना हैं, उससे बेहतर दिखाना चाहते हैं। इसी कारण हम दूसरों को नीचा दिखाने या अपनी बुराइयाँ छिपाने के लिए अपनी तारीफ करने की ओर प्रवृत्त हो सकते हैं। अपनी भावनाओं और शब्दों पर संयम बरतें तथा दूसरों की बातों के प्रति सहनशील रहें।
इस समय यदि हम स्वयं की ओर ध्यान दें, तो आसानी से अपने मुखौटे उतार सकते हैं। दरअसल, हमारे व्यवहार का बड़ा हिस्सा बाहरी वातावरण द्वारा प्रेरित होता है, न कि हमारी निजी इच्छाओं और विचारों से। जैसे ही हम अपने अंतरात्मा की आवाज़ सुनेंगे, हमें एक केंद्रीय धुरी मिलेगी, जो हमें ‘जीवन की हवाओं’ के झोंकों के प्रति स्थिर बनाएगी। और सबसे महत्त्वपूर्ण बात—इस स्थिति में हम स्वयंपूर्ण हो जाएँगे।
आज नए कार्यों की शुरुआत न करें। इस दिन जोखिम उठाना भी उचित नहीं है, क्योंकि यह केवल क्षणिक संतुष्टि तक ही सीमित रह सकता है। बेहतर होगा कि अपनी सक्रियता आराम या सृजनात्मक गतिविधियों में दिखाएँ।